My Pages

Wednesday, 19 November 2014



कुण्डलियाँ फ़ूडसिक्योरिटीबिल पर ::-

आखिर में, सपने हुए, उनके पूरे आज ,
फ़ूडसिक्योरिटीबिल हुआ, उनका जो सरताज.
उनका जो सरताज, जरूरी काम दब गए,
लाये अध्यादेश, और फिर बड़े बन  गए.
“भूखा” सब कुछ जाने, वो बटवारा-माहिर.
नया रास्ता खुला, मिलेगा काफी आखिर.

फ़ूडसिक्योरिटीबिल बना, कांग्रेस की नाक,
 बाकी मुद्दे रख दिए , कांग्रेस ने ताक,
कांग्रेस ने ताक , शुरू हैं , बहसें जारी,
ज्ञानी मनमोहन की, ये  किरकिरी, करारी.
“भूखा” ये, कांग्रेस चौकड़ी, पूरी राबिन हूड,
सडे गले दानो को देगी, पर बोलेगी फ़ूड

पुरुषोत्तम बाजपेयी ....१२/०७/२०१३..प्रातः ...५.३०

No comments:

Post a Comment